Chemistry: 60 MCQs with Answers

Chemistry MCQ Questions
Chemistry

Your Progress

0%
0%
60
Total
0
Attempted
60
Remaining
Chemistry MCQs on physical, organic and inorganic chemistry। रसायन विज्ञान विषय के महत्त्वपूर्ण बहुविकल्पीय प्रश्न, उत्तर एवं व्याख्या सहित — HTET, CTET, UGC-NET, KVS, NVS एवं अन्य शिक्षक भर्ती परीक्षाओं के लिए उपयोगी।

Q21. ऐसीटिक अम्ल का pK𝒂 तथा अमोनियम हाइड्रॉक्साइड का pK𝒃 क्रमशः 4.76 और 4.75 है। अमोनियम ऐसीटेट विलयन का pH क्या होगा ?

Right Answer: 7.005

अमोनियम ऐसीटेट दुर्बल अम्ल तथा दुर्बल क्षार से बना लवण है, अतः उसके विलयन का pH इस सूत्र से निकाला जाता है — pH बराबर 7 जोड़ आधा pKa घटा आधा pKb। यहाँ ऐसीटिक अम्ल का pKa 4.76 तथा अमोनियम हाइड्रॉक्साइड का pKb 4.75 है। दोनों का अन्तर 0.01 है, जिसका आधा 0.005 होता है। इसे सात में जोड़ने पर pH 7.005 प्राप्त होता है, जो लगभग उदासीन किन्तु अत्यन्त हल्का अम्लीय-विहीन है। ध्यातव्य है कि ऐसे लवणों का pH सान्द्रता पर निर्भर नहीं करता, केवल अम्ल एवं क्षार की सापेक्ष प्रबलता पर।

Was this helpful?

Q22. निम्नलिखित किस विटामिन की कमी से रक्त का थक्का जमने के समय में वृद्धि होती है ?

Right Answer: विटामिन K

विटामिन K वसा में घुलनशील विटामिन है और यह यकृत में प्रोथ्रोम्बिन तथा स्कन्दन कारक सात, नौ एवं दस के संश्लेषण के लिए अनिवार्य है। यह गामा-ग्लूटामिल कार्बोक्सिलेज एन्जाइम का सहकारक बनकर इन प्रोटीनों में कैल्शियम-बन्धन स्थल तैयार करता है। इसकी कमी से ये कारक निष्क्रिय रह जाते हैं, फलस्वरूप रक्त का थक्का जमने में लगने वाला समय बढ़ जाता है और छोटी चोट से भी लम्बे समय तक रक्तस्राव होता रहता है। हरी पत्तेदार सब्जियाँ इसका प्रमुख स्रोत हैं और आँतों के जीवाणु भी इसका कुछ भाग संश्लेषित करते हैं।

Was this helpful?

Q23. अभिक्रिया 2N₂O₅(g) → 4NO₂(g) + O₂(g) की औसत दर 6.79 × 10⁻⁴ mol L⁻¹ min⁻¹ है, तो NO₂ के उत्पादन की दर है :

Right Answer: 2.72 × 10⁻³ mol L⁻¹ min⁻¹

किसी अभिक्रिया की एकसमान दर परिभाषित करने के लिए प्रत्येक स्पीशीज की सान्द्रता परिवर्तन दर को उसके रससमीकरणमितीय गुणांक से भाग दिया जाता है। दिए गए समीकरण में नाइट्रोजन डाइऑक्साइड का गुणांक चार है, अतः अभिक्रिया की दर बराबर एक बटा चार गुणा नाइट्रोजन डाइऑक्साइड के बनने की दर। यहाँ अभिक्रिया की औसत दर 6.79 × 10⁻⁴ मोल प्रति लीटर प्रति मिनट दी गई है, इसलिए नाइट्रोजन डाइऑक्साइड के उत्पादन की दर उसका चार गुना अर्थात् लगभग 2.72 × 10⁻³ मोल प्रति लीटर प्रति मिनट होगी।

Was this helpful?

Q24. निम्नलिखित कौन-सा ऑक्साइड, चालकता तथा दिखने में कॉपर धातु की तरह प्रतीत होता है ?

Right Answer: ReO₃

रीनियम ट्राइऑक्साइड एक असामान्य संक्रमण धातु ऑक्साइड है, जो दिखने में ताँबे जैसा चमकीला लाल-सुनहरा होता है और उसकी विद्युत चालकता भी धात्विक ताँबे के समकक्ष होती है। इसकी संरचना घनीय होती है, जिसमें ReO₆ अष्टफलक अपने कोनों से जुड़े रहते हैं और रीनियम का एक शेष d इलेक्ट्रॉन विस्थानीकृत होकर पूरे ठोस में स्वतंत्र रूप से गति करता है; यही चालकता का कारण है। ताप घटाने पर इसकी चालकता बढ़ती है, जो धातुओं का ही लक्षण है। इसे प्रायः ‘धात्विक ऑक्साइड’ का उत्कृष्ट उदाहरण बताया जाता है।

Was this helpful?

Q25. निम्नलिखित में से कौन रेखीय है ?

Right Answer: N₃⁻

एजाइड आयन में केन्द्रीय नाइट्रोजन परमाणु sp संकरित होता है और उस पर कोई एकाकी इलेक्ट्रॉन युग्म नहीं होता; उसके दोनों ओर दो सिग्मा आबंध बनते हैं तथा शेष इलेक्ट्रॉन दो लम्बवत पाई निकाय बनाते हैं। इसी कारण यह आयन 180 डिग्री आबंध कोण के साथ पूर्णतः रेखीय होता है और उसकी संरचना कार्बन डाइऑक्साइड के समइलेक्ट्रॉनी है। इसके विपरीत कार्बोनेट तथा नाइट्रेट आयनों में केन्द्रीय परमाणु sp² संकरित होकर 120 डिग्री कोण वाली त्रिकोणीय समतलीय आकृति बनाता है, तथा बोरोन टेट्राफ्लोराइड आयन sp³ संकरण के साथ चतुष्फलकीय होता है।

Was this helpful?

Q26. किसी कार्बनिक यौगिक में असंतृप्त ज्ञात करने के लिए कौन-सा परीक्षण किया जाता है ?

Right Answer: बेयर परीक्षण

बेयर परीक्षण किसी कार्बनिक यौगिक में असंतृप्तता अर्थात् द्वि अथवा त्रि आबंध की उपस्थिति ज्ञात करने का सरल परीक्षण है। इसमें यौगिक में ठण्डा तनु क्षारीय पोटैशियम परमैंगनेट का बैंगनी विलयन मिलाया जाता है। असंतृप्त यौगिक की उपस्थिति में परमैंगनेट अपचयित होकर मैंगनीज डाइऑक्साइड का भूरा अवक्षेप देता है और बैंगनी रंग विलुप्त हो जाता है। इसी क्रिया में ऐल्कीन में सिन-योगात्मक रूप से दो हाइड्रॉक्सिल जुड़कर वाइसिनल ग्लाइकॉल बन जाता है। हैलोफॉर्म परीक्षण मेथिल कीटोन के लिए तथा हिन्सबर्ग परीक्षण ऐमीनों के वर्गीकरण के लिए प्रयुक्त होता है।

Was this helpful?

Q27. निम्नलिखित किस तत्वों के युग्म का आकार समान नहीं है ?

Right Answer: Nb / Os

आवर्त सारणी में लैंथेनॉयड संकुचन के कारण द्वितीय एवं तृतीय संक्रमण शृंखला के एक ही वर्ग के तत्वों के परमाणु एवं आयनिक आकार लगभग समान हो जाते हैं। इसी कारण जर्कोनियम एवं हैफ्नियम, पैलेडियम एवं प्लैटिनम, तथा मॉलिब्डेनम एवं टंगस्टन के युग्मों का आकार लगभग बराबर रहता है और उनके रासायनिक गुण भी इतने मिलते-जुलते हैं कि उनका पृथक्करण कठिन होता है। नाइओबियम तथा ऑस्मियम एक ही वर्ग के नहीं हैं — नाइओबियम वर्ग पाँच का तथा ऑस्मियम वर्ग आठ का तत्व है, अतः उनका आकार समान नहीं होता।

Was this helpful?

Q28. निम्नलिखित कौन-सा लैन्थेनॉयड MO ऑक्साइडों में +4 ऑक्सीकरण अवस्था नहीं दर्शाता है ?

Right Answer: Yb

लैंथेनॉयडों की सर्वाधिक स्थायी एवं सामान्य ऑक्सीकरण अवस्था धन तीन है, किन्तु कुछ तत्व धन दो अथवा धन चार अवस्थाएँ भी दिखाते हैं। जो तत्व धन चार अवस्था दर्शाते हैं वे हैं सीरियम, प्रेजियोडिमियम, नियोडिमियम, टर्बियम तथा डिस्प्रोसियम, क्योंकि इनमें ऐसा करने पर विन्यास रिक्त अथवा अर्धपूरित 4f के निकट पहुँच जाता है। इटरबियम इस सूची में नहीं आता; उसका 4f उपकोश लगभग पूर्ण होता है, इसलिए वह धन दो अवस्था दर्शाता है, जिसमें 4f पूर्णतः भर जाता है और विशेष स्थायित्व मिलता है।

Was this helpful?

Q29. निम्नलिखित में से कौन-सा संकुल ज्यामितीय समावयवता नहीं दर्शाता ?

Right Answer: [NiCl₄]²⁻

ज्यामितीय समावयवता तब सम्भव होती है जब लिगन्डों की सापेक्ष स्थिति भिन्न-भिन्न हो सके, जैसे वर्ग समतलीय अथवा अष्टफलकीय संकुलों में समपक्ष एवं विपक्ष विन्यास। प्लैटिनम के दोनों वर्ग समतलीय संकुल तथा कोबाल्ट का अष्टफलकीय संकुल इसी कारण समपक्ष-विपक्ष समावयवी बनाते हैं। इसके विपरीत टेट्राक्लोरोनिकलेट आयन चतुष्फलकीय है, और चतुष्फलक में सभी चारों स्थान एक-दूसरे से समान रूप से सटे होते हैं, अतः वहाँ समपक्ष अथवा विपक्ष जैसा कोई भेद उत्पन्न ही नहीं होता। इसीलिए यह ज्यामितीय समावयवता नहीं दर्शाता।

Was this helpful?

Q30. एक प्रक्रम में निकाय द्वारा 701 J ऊष्मा अवशोषित की जाती है तथा निकाय द्वारा 394 J कार्य किया जाता है। इस प्रक्रम के लिए आन्तरिक ऊर्जा में परिवर्तन क्या है ?

Right Answer: +307 J

ऊष्मागतिकी का प्रथम नियम कहता है कि किसी निकाय की आन्तरिक ऊर्जा में परिवर्तन उसके द्वारा अवशोषित ऊष्मा तथा उसके द्वारा किए गए कार्य के अन्तर के बराबर होता है, अर्थात् ΔU बराबर q घटा w। यहाँ निकाय द्वारा 701 जूल ऊष्मा अवशोषित की गई है, अतः q धनात्मक है, तथा निकाय द्वारा 394 जूल कार्य किया गया है, अतः वह ऊर्जा निकाय से बाहर गई। इस प्रकार ΔU बराबर 701 घटा 394 अर्थात् धन 307 जूल प्राप्त होता है। धनात्मक चिह्न दर्शाता है कि निकाय की आन्तरिक ऊर्जा में शुद्ध वृद्धि हुई है।

Was this helpful?
Was this quiz helpful?
Published: | Last Updated: | Total Questions: 60
Deepak - Educational Content Creator

Written by Deepak

Educational Content Creator

I am an educational content creator dedicated to making learning simple, engaging, and accessible for students preparing for competitive exams. He specializes in creating high-quality study materials, including notes, multiple-choice questions (MCQs), previous year question papers, practice tests, and exam-oriented resources.

Experience: 10+ years in Education and Competitive Exam Content Creator