Economy and Banking: 89 MCQs with Answers
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0%Economy and Banking MCQ Questions and Answers in Hindi for Exams
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अर्थव्यवस्था एवं बैंकिंग से संबंधित बहुविकल्पीय प्रश्न — भारतीय अर्थव्यवस्था, बैंकिंग तथा अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक संगठन।
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Q41. यह अवधारणा कि बुरी मुद्रा अच्छी मुद्रा को चलन से बाहर कर देती है, कहलाती है :
Right Answer: ग्रेशम का नियम
Explanation:
ग्रेशम का नियम कहता है कि जब दो प्रकार की मुद्राएँ समान वैधानिक मूल्य पर एक साथ प्रचलन में हों, तो बुरी मुद्रा अच्छी मुद्रा को चलन से बाहर कर देती है। यहाँ अच्छी मुद्रा वह है जिसका धातु-मूल्य उसके अंकित मूल्य से अधिक हो और बुरी मुद्रा वह जिसका धातु-मूल्य कम हो। लोग स्वाभाविक रूप से अच्छी मुद्रा को संचित कर लेते हैं, पिघला देते हैं या विदेश भेज देते हैं और लेन-देन में बुरी मुद्रा ही चलाते हैं। यह नियम सोलहवीं शताब्दी के अंग्रेज वित्तीय सलाहकार सर थॉमस ग्रेशम के नाम पर रखा गया है।
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Q42. जब MR = 0 हो, तो माँग की कीमत लोच (|e|) का मान होता है :
Right Answer: = 1
Explanation:
सीमांत आगम, औसत आगम तथा माँग की कीमत लोच के बीच सम्बन्ध इस सूत्र से व्यक्त होता है — सीमांत आगम बराबर औसत आगम गुणा एक घटा एक बटा लोच। जब लोच का निरपेक्ष मान ठीक एक हो, तो कोष्ठक का मान शून्य हो जाता है और सीमांत आगम भी शून्य हो जाता है। ठीक इसी बिन्दु पर कुल आगम अधिकतम होता है। जब लोच एक से अधिक हो तो सीमांत आगम धनात्मक रहता है और कीमत घटाने पर कुल आगम बढ़ता है, तथा लोच एक से कम होने पर सीमांत आगम ऋणात्मक हो जाता है और कुल आगम घटने लगता है।
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Q43. लागत के आधुनिक सिद्धांत के अनुसार अल्पकालीन औसत परिवर्तनशील लागत (SAVC) की आकृति कैसी होती है ?
Right Answer: प्यालानुमा
Explanation:
लागत के परम्परागत सिद्धांत में अल्पकालीन औसत परिवर्तनशील लागत वक्र U-आकृति का माना जाता है। किन्तु लागत के आधुनिक सिद्धांत के अनुसार फर्म आरम्भ से ही कुछ अतिरिक्त क्षमता जानबूझकर बनाए रखती है, ताकि माँग बढ़ने पर लागत बढ़ाए बिना उत्पादन बढ़ाया जा सके। इस कारण उत्पादन की एक विस्तृत परास में औसत परिवर्तनशील लागत लगभग स्थिर बनी रहती है और वक्र नीचे से चपटा हो जाता है। इसी से उसे प्यालानुमा अर्थात् तश्तरीनुमा आकृति कहा जाता है। इसका आधार आनुभविक अध्ययन हैं, जिनमें U-आकृति की पुष्टि नहीं हुई।
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Q44. भारत के नीति आयोग के उपाध्यक्ष कौन हैं ?
Right Answer: सुमन के० बेरी
Explanation:
नीति आयोग के उपाध्यक्ष सुमन के० बेरी हैं, जिन्होंने मई 2022 में राजीव कुमार के स्थान पर यह दायित्व सँभाला। नीति आयोग की स्थापना 1 जनवरी 2015 को योजना आयोग के स्थान पर हुई। इसके अध्यक्ष पदेन रूप से भारत के प्रधानमंत्री होते हैं, अतः वर्तमान में नरेन्द्र मोदी इसके अध्यक्ष हैं। उपाध्यक्ष की नियुक्ति प्रधानमंत्री करते हैं और उन्हें कैबिनेट मंत्री का दर्जा प्राप्त होता है। आयोग का पहला उपाध्यक्ष अरविंद पनगड़िया को बनाया गया था। नीति आयोग सहकारी संघवाद तथा नीचे से ऊपर की नियोजन प्रक्रिया पर बल देता है।
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Q45. ब्रिटिश शासन के समय ढाका में निर्मित विशेष प्रकार का सूती वस्त्र किस नाम से मशहूर था ?
Right Answer: मलमल
Explanation:
ब्रिटिश शासन काल में ढाका में बनने वाला अत्यन्त महीन एवं पारदर्शी सूती वस्त्र मलमल के नाम से विश्वविख्यात था। इसकी बुनाई इतनी सूक्ष्म होती थी कि पूरा थान अँगूठी में से निकल जाता था, और इसे ‘बहती हवा’ अथवा ‘संध्या की ओस’ जैसे काव्यात्मक नाम दिए गए थे। मुगल दरबार तथा यूरोप के कुलीन वर्ग में इसकी अपार माँग थी। ब्रिटिश औद्योगिक क्रान्ति के बाद मशीन-निर्मित सस्ते वस्त्रों की बाढ़, भारी आयात शुल्क तथा कम्पनी की दमनकारी नीतियों के कारण यह उद्योग नष्ट हो गया और ढाका की जनसंख्या तक घट गई।
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Q46. भारत का कौन - सा केन्द्रीय मंत्रालय देश में सांख्यिकी प्रणाली के नियोजित और संगठित विकास के लिए नोडल एजेंसी के रूप में कार्य करता है ?
Right Answer: सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय
Explanation:
भारत में सांख्यिकी प्रणाली के नियोजित एवं संगठित विकास के लिए नोडल एजेंसी सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय है। इसका गठन 1999 में हुआ और इसके दो प्रमुख भाग हैं — सांख्यिकी प्रभाग तथा कार्यक्रम कार्यान्वयन प्रभाग। यह राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय के माध्यम से राष्ट्रीय आय के अनुमान, उपभोक्ता मूल्य सूचकांक, औद्योगिक उत्पादन सूचकांक तथा आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण जैसे आँकड़े जारी करता है। यह सांख्यिकीय मानक निर्धारित करता है और अन्य मंत्रालयों की सांख्यिकीय गतिविधियों में समन्वय स्थापित करता है।
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Q47. भारत में आत्मनिर्भर भारत रोजगार योजना कब लागू की गई थी ?
Right Answer: अक्टूबर, 2020
Explanation:
आत्मनिर्भर भारत रोजगार योजना अक्टूबर 2020 में आत्मनिर्भर भारत पैकेज 3.0 के अन्तर्गत लागू की गई। इसका उद्देश्य कोविड-19 महामारी के दौरान गए रोजगार की भरपाई करना तथा औपचारिक क्षेत्र में नई नियुक्तियों को प्रोत्साहित करना था। इसके अन्तर्गत कर्मचारी भविष्य निधि संगठन में पंजीकृत प्रतिष्ठानों द्वारा नए कर्मचारियों की भर्ती पर सरकार दो वर्ष तक भविष्य निधि में अंशदान वहन करती है। एक हजार से कम कर्मचारियों वाले प्रतिष्ठानों में कर्मचारी तथा नियोक्ता दोनों का अंशदान और उससे बड़े प्रतिष्ठानों में केवल कर्मचारी का अंशदान सरकार देती है।
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Q48. सूची-I का सूची-II से मिलान कीजिए तथा नीचे दिये गये कूटों का उपयोग करते हुए सही उत्तर चुनिए :
सूची-I
(a) क्या उत्पादन करें
(b) कैसे उत्पादन करें
(c) किसके लिए उत्पादन करें
सूची-II
(i) आय-वितरण की समस्या
(ii) चयन की समस्या
(iii) उत्पादन-तकनीकी के निर्धारण की समस्या
Right Answer: (a-ii) (b-iii) (c-i)
Explanation:
साधनों की दुर्लभता तथा उनके वैकल्पिक प्रयोगों के कारण प्रत्येक अर्थव्यवस्था के सामने तीन केन्द्रीय समस्याएँ खड़ी होती हैं। ‘क्या उत्पादन करें’ यह चयन की समस्या है, जिसमें तय करना होता है कि सीमित साधनों से कौन-सी वस्तुएँ और कितनी मात्रा में बनाई जाएँ। ‘कैसे उत्पादन करें’ उत्पादन तकनीक के निर्धारण की समस्या है, जिसमें श्रम-प्रधान अथवा पूँजी-प्रधान विधि का चुनाव करना होता है। ‘किसके लिए उत्पादन करें’ आय-वितरण की समस्या है, जो यह तय करती है कि उत्पादित वस्तुएँ समाज के विभिन्न वर्गों में किस अनुपात में बँटेंगी।
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Q49. ........... से लेने पर माध्य विचलन का मान न्यूनतम होता है।
Right Answer: माध्यिका
Explanation:
माध्य विचलन किसी केन्द्रीय मान से लिए गए विचलनों के निरपेक्ष मानों का औसत होता है। इसका एक महत्त्वपूर्ण गणितीय गुण यह है कि जब विचलन माध्यिका से लिए जाएँ तो उनका योग तथा औसत दोनों न्यूनतम होते हैं। इसका कारण यह है कि माध्यिका आँकड़ों को दो बराबर भागों में बाँटती है, इसलिए उससे दोनों ओर के विचलन सन्तुलित रहते हैं। इसी कारण सैद्धान्तिक दृष्टि से माध्यिका से लिया गया माध्य विचलन सर्वोत्तम माना जाता है, यद्यपि व्यवहार में गणना की सुविधा के कारण प्रायः समान्तर माध्य से ही माध्य विचलन निकाला जाता है।
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Q50. सूची-I का सूची-II से मिलान कीजिए तथा नीचे दिये गये कूटों का उपयोग करते हुए सही उत्तर चुनिए :
सूची-I
(a) गुणोत्तर माध्य
(b) हरात्मक माध्य
(c) बहुलक
(d) माध्यिका
सूची-II
(i) औसत गति
(ii) गुणात्मक समंक
(iii) वृद्धि की दर
(iv) सबसे अधिक बार आने वाला मूल्य
Right Answer: (a-iii) (b-i) (c-iv) (d-ii)
Explanation:
गुणोत्तर माध्य अनुपातों तथा प्रतिशतों का औसत निकालने के लिए उपयुक्त है, इसलिए जनसंख्या अथवा उत्पादन की वृद्धि दर ज्ञात करने में इसी का प्रयोग होता है। हरात्मक माध्य व्युत्क्रमों के समान्तर माध्य का व्युत्क्रम है, अतः जब समान दूरी भिन्न गतियों से तय की गई हो तो औसत गति निकालने के लिए यही उपयुक्त होता है। बहुलक वह मान है जो श्रेणी में सबसे अधिक बार आता है। माध्यिका स्थिति पर आधारित माप है और इसे गुणात्मक समंकों में भी प्रयोग किया जा सकता है, जहाँ मानों को केवल क्रम में रखा जा सकता है।
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Q51. भारत में ई - नाम (eNAM) को लागू करने वाली प्रमुख एजेंसी है :
Right Answer: लघु कृषक कृषि व्यापार संघ
Explanation:
राष्ट्रीय कृषि बाजार अर्थात् ई-नाम को लागू करने वाली प्रमुख एजेंसी लघु कृषक कृषि व्यापार संघ है, जो कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय के अधीन कार्य करती है। ई-नाम 14 अप्रैल 2016 को आरम्भ किया गया एक अखिल भारतीय इलेक्ट्रॉनिक व्यापार पोर्टल है, जो देश की कृषि उपज मण्डी समितियों को एक एकीकृत ऑनलाइन बाजार से जोड़ता है। इसका उद्देश्य किसानों को अपनी उपज देशभर के क्रेताओं को बेचने की सुविधा देना, मूल्य में पारदर्शिता लाना तथा बिचौलियों की भूमिका घटाना है। इसमें ऑनलाइन बोली, गुणवत्ता जाँच तथा सीधे बैंक खाते में भुगतान की व्यवस्था है।
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Q52. भारत के महारजिस्ट्रार एवं जनगणना आयुक्त कौन हैं ?
Right Answer: मृत्युंजय कुमार नारायण
Explanation:
भारत के महारजिस्ट्रार एवं जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण हैं। यह पद गृह मंत्रालय के अधीन आता है और इसका दायित्व दशकीय जनगणना कराना, जन्म-मृत्यु का पंजीकरण देखना, राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर तैयार करना तथा नमूना पंजीकरण प्रणाली के माध्यम से जन्म दर, मृत्यु दर एवं शिशु मृत्यु दर के अनुमान जारी करना है। इस कार्यालय की स्थापना 1961 में हुई थी। भारत में जनगणना 1872 से प्रत्येक दस वर्ष पर होती आई है; 2021 की प्रस्तावित जनगणना कोविड-19 महामारी के कारण स्थगित कर दी गई थी।
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Q53. यदि सभी अवलोकन 10 से बढ़ा दिये जायें, तो :
Right Answer: प्रमाप विचलन, माध्य विचलन व चतुर्थक विचलन अपरिवर्तित रहेंगे
Explanation:
अपकिरण के माप यह बताते हैं कि आँकड़े अपने केन्द्रीय मान के चारों ओर कितने फैले हुए हैं। यदि प्रत्येक अवलोकन में एक ही अचर संख्या जोड़ दी जाए तो सम्पूर्ण वितरण अपना आकार बनाए रखते हुए संख्या-रेखा पर उतना ही खिसक जाता है। इससे प्रत्येक मान तथा उसके माध्य के बीच की दूरी अपरिवर्तित रहती है। परिणामस्वरूप प्रमाप विचलन, माध्य विचलन तथा चतुर्थक विचलन तीनों ज्यों के त्यों बने रहते हैं। हाँ, माध्य, माध्यिका तथा बहुलक जैसे केन्द्रीय प्रवृत्ति के माप उसी अचर संख्या से बढ़ जाते हैं।
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Q54. सूची-I का सूची-II से मिलान कीजिए तथा नीचे दिये गये कूटों का उपयोग करते हुए सही उत्तर चुनिए :
सूची-I
(a) उत्पादन संभावना वक्र के अंदर बिंदु
(b) उत्पादन संभावना वक्र के बाहर बिंदु
(c) उत्पादन संभावना वक्र का बाहर की ओर विवर्तन
(d) उत्पादन संभावना वक्र पर बिंदु
सूची-II
(i) संसाधनों में वृद्धि व तकनीकी विकास
(ii) बेरोजगारी
(iii) अप्राप्य संयोग
(iv) उत्पादन कुशलता
Right Answer: (a-ii) (b-iii) (c-i) (d-iv)
Explanation:
उत्पादन संभावना वक्र के अन्दर स्थित बिन्दु यह दर्शाता है कि अर्थव्यवस्था अपने साधनों का पूर्ण उपयोग नहीं कर रही, अर्थात् वहाँ बेरोजगारी अथवा अकुशलता विद्यमान है। वक्र के बाहर का बिन्दु वर्तमान साधनों एवं तकनीक से अप्राप्य संयोग होता है। जब साधनों में वृद्धि हो अथवा तकनीकी विकास हो तो सम्पूर्ण वक्र ही बाहर की ओर विवर्तित हो जाता है, जिसे आर्थिक संवृद्धि कहते हैं। वक्र पर स्थित कोई भी बिन्दु उत्पादन कुशलता को दर्शाता है, क्योंकि वहाँ एक वस्तु का उत्पादन दूसरी को घटाए बिना नहीं बढ़ाया जा सकता।
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Q55. 2020 में किसी कर्मचारी की मासिक आय 8,000 रुपये थी। उस वर्ष उपभोक्ता कीमत सूचकांक 160 था, जो 2024 में बढ़कर 200 हो गया। कीमत वृद्धि की पूर्ण क्षतिपूर्ति हेतु उसे कितना अतिरिक्त महंगाई भत्ता दिया जाना चाहिए ?
Right Answer: 2,000 रु०
Explanation:
कीमत वृद्धि की पूर्ण क्षतिपूर्ति का अर्थ है कि कर्मचारी की वास्तविक क्रय-शक्ति पहले जैसी बनी रहे। इसके लिए नई मौद्रिक आय को पुरानी आय तथा सूचकांकों के अनुपात के गुणनफल के बराबर होना चाहिए। यहाँ पुरानी आय 8,000 रुपये, आधार वर्ष का सूचकांक 160 तथा चालू वर्ष का सूचकांक 200 है। अतः आवश्यक नई आय 8,000 गुणा 200 बटा 160 अर्थात् 10,000 रुपये होगी। इसमें से मूल आय 8,000 रुपये घटाने पर अतिरिक्त महंगाई भत्ता 2,000 रुपये प्राप्त होता है, जो मूल वेतन का 25 प्रतिशत है।
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Q56. यदि सभी पदों के मूल्य समान न हों, तो माध्य, गुणोत्तर माध्य तथा हरात्मक माध्य के बीच संबंध को दर्शाया जा सकता है :
Right Answer: X > GM > HM
Explanation:
किसी धनात्मक श्रेणी के तीन प्रमुख माध्यों के बीच एक निश्चित असमिका सदैव लागू होती है — समान्तर माध्य गुणोत्तर माध्य से और गुणोत्तर माध्य हरात्मक माध्य से बड़ा या बराबर होता है। तीनों तभी ठीक बराबर होते हैं जब श्रेणी के सभी पदों के मूल्य आपस में समान हों। प्रश्न में स्पष्ट कहा गया है कि सभी पदों के मूल्य समान नहीं हैं, अतः समता की स्थिति समाप्त हो जाती है और सम्बन्ध कठोर असमिका के रूप में लिखा जाएगा, अर्थात् समान्तर माध्य गुणोत्तर माध्य से तथा गुणोत्तर माध्य हरात्मक माध्य से निश्चित रूप से बड़ा होगा।
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Q57. भारतीय योजनाओं का निर्माता किसे कहा जाता है ?
Right Answer: पी० सी० महालनोबिस
Explanation:
प्रशान्त चन्द्र महालनोबिस को भारतीय योजना का निर्माता अथवा शिल्पकार कहा जाता है। उन्होंने भारतीय सांख्यिकी संस्थान की स्थापना की और द्वितीय पंचवर्षीय योजना का ढाँचा तैयार किया, जिसे महालनोबिस प्रतिरूप कहा जाता है। इस द्विक्षेत्रीय एवं बाद में चतुष्क्षेत्रीय प्रतिरूप में भारी एवं आधारभूत उद्योगों को प्राथमिकता देकर दीर्घकालीन आत्मनिर्भर संवृद्धि का मार्ग सुझाया गया। सांख्यिकी में उन्होंने ‘महालनोबिस दूरी’ तथा वृहत् नमूना सर्वेक्षण की तकनीक दी। उनके जन्मदिन 29 जून को राष्ट्रीय सांख्यिकी दिवस के रूप में मनाया जाता है।
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Q58. दो गुणों में सहसंबंध ज्ञात करने के लिए प्रयुक्त होता है :
Right Answer: स्पियरमैन का कोटि सहसंबंध गुणांक
Explanation:
जब दो विशेषताएँ गुणात्मक हों, जैसे सौन्दर्य, ईमानदारी अथवा बुद्धिमत्ता, तब उन्हें संख्या में मापा नहीं जा सकता, केवल क्रम अथवा कोटि दी जा सकती है। ऐसी स्थिति में सहसंबंध ज्ञात करने के लिए स्पियरमैन का कोटि सहसंबंध गुणांक प्रयुक्त होता है, जो मूल मानों के स्थान पर कोटियों के अन्तर पर आधारित होता है। कार्ल पियर्सन का गुणांक तभी लागू होता है जब आँकड़े संख्यात्मक रूप में उपलब्ध हों। स्पियरमैन विधि चरम मानों से भी प्रभावित नहीं होती। इसके गुणांक का मान भी सदैव धन एक तथा ऋण एक के बीच रहता है।
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Q59. भारत में योजना आयोग का गठन कब हुआ था ?
Right Answer: 15 मार्च, 1950
Explanation:
भारत में योजना आयोग का गठन 15 मार्च 1950 को केन्द्रीय मंत्रिमण्डल के एक प्रस्ताव द्वारा किया गया। यह न तो संवैधानिक निकाय था और न ही सांविधिक, बल्कि एक परामर्शदात्री संस्था थी। प्रधानमंत्री इसके पदेन अध्यक्ष होते थे तथा एक पूर्णकालिक उपाध्यक्ष इसका वास्तविक संचालन करता था। इसका कार्य देश के साधनों का आकलन कर पंचवर्षीय योजनाएँ तैयार करना था; पहली पंचवर्षीय योजना 1951 में आरम्भ हुई, जो हैरॉड-डोमर प्रतिरूप पर आधारित एवं कृषि-केन्द्रित थी। 1 जनवरी 2015 को इसके स्थान पर नीति आयोग की स्थापना कर दी गई।
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Q60. यदि थोड़े से असममित बंटन में माध्य 20 तथा बहुलक 18 हो, तो माध्यिका होगी :
Right Answer: 19.33
Explanation:
थोड़े से असममित अर्थात् मध्यम रूप से विषम बंटन में तीनों केन्द्रीय प्रवृत्तियों के बीच कार्ल पियर्सन का आनुभविक सम्बन्ध लागू होता है, जिसके अनुसार बहुलक तीन गुणा माध्यिका में से दो गुणा माध्य घटाने पर प्राप्त होता है। इसी को माध्यिका के लिए हल करने पर माध्यिका बराबर दो गुणा माध्य जोड़ बहुलक को तीन से भाग देने पर मिलती है। यहाँ माध्य 20 तथा बहुलक 18 है, अतः दो गुणा 20 अर्थात् 40 में 18 जोड़ने पर 58 आता है और उसे तीन से भाग देने पर 19.33 प्राप्त होता है। इस प्रकार माध्यिका सदैव माध्य तथा बहुलक के बीच स्थित रहती है।
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